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नवरात्रि का छठा दिन : माँ कात्यायनी का महत्व
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नवरात्रि के छठे दिन माँ कात्यायनी की पूजा की जाती है। माँ कात्यायनी को शक्ति और वीरता की देवी माना जाता है। उनके इस स्वरूप में उन्हें युद्ध और साहस की देवी कहा जाता है, जो दुष्टों का संहार करती हैं और धर्म की रक्षा करती हैं। उनका नाम महर्षि…
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नवरात्रि का पांचवा दिन: माँ स्कंदमाता का महत्व
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नवरात्रि का पांचवा दिन: माँ स्कंदमाता का महत्व नवरात्रि के पांचवे दिन देवी स्कंदमाता की पूजा की जाती है। माँ स्कंदमाता, भगवान कार्तिकेय (स्कंद) की माता हैं, इसलिए उन्हें स्कंदमाता के नाम से जाना जाता है। स्कंदमाता को प्रेम, मातृत्व, और शांति का प्रतीक माना जाता है। उनकी पूजा से…
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नवरात्रि का चौथा दिन: माँ कूष्माण्डा का महत्व
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नवरात्रि के चौथे दिन माँ कूष्माण्डा की पूजा का विधान होता है। माँ कूष्माण्डा को सृष्टि की रचयिता और ब्रह्मांड की उत्पत्तिकर्ता माना जाता है। ऐसा कहा जाता है कि जब सृष्टि का अस्तित्व नहीं था और हर जगह अंधकार फैला हुआ था, तब देवी कूष्माण्डा ने अपनी हल्की मुस्कान…
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नवरात्रि का तीसरा दिन: माँ चंद्रघंटा की पूजा और महत्व
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नवरात्रि का तीसरा दिन: माँ चंद्रघंटा की पूजा और महत्व नवरात्रि के तीसरे दिन माँ दुर्गा के तीसरे स्वरूप माँ चंद्रघंटा की पूजा की जाती है। माँ चंद्रघंटा का यह स्वरूप शक्ति, साहस और वीरता का प्रतीक है। उनके मस्तक पर अर्धचंद्र की आकृति में घंटे का आकार होता है,…
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नवरात्रि का दूसरा दिन : माँ ब्रह्मचारिणी की पूजा
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नवरात्रि का दूसरा दिन : माँ ब्रह्मचारिणी की पूजा नवरात्रि के दूसरे दिन माँ दुर्गा के दूसरे स्वरूप माँ ब्रह्मचारिणी की पूजा की जाती है। इस दिन साधक उनके इस रूप की आराधना करते हैं जो कठोर तपस्या और आत्मनियंत्रण का प्रतीक है। ब्रह्मचारिणी का अर्थ है ‘तप का आचरण…
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नवरात्रि का प्रथम दिन : माँ शैलपुत्री की पूजा
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नवरात्रि का प्रथम दिन : माँ शैलपुत्री की पूजा नवरात्रि हिंदू धर्म का एक प्रमुख त्योहार है, जिसमें माँ दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है। नवरात्रि के प्रथम दिन माँ शैलपुत्री की पूजा का विशेष महत्व है। शैलपुत्री को हिमालय की पुत्री माना जाता है, और यह…
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नवरातोत्सव: मातृ शक्तीचा महापर्व
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नवरातोत्सव: मातृ शक्तीचा महापर्व नवरातोत्सव म्हणजे मातृ शक्तीच्या आराधनेचा एक अद्भुत उत्सव. देवींच्या विविध रूपांची पूजा करून, भक्तजन आपली श्रद्धा आणि भक्ती व्यक्त करतात. या काळात समाजात एक वेगळी ऊर्जा निर्माण होते. देवीच्या नव्या रूपांचा अनुभव घेताना, आपल्याला तिच्या शक्तींचा अनुभव घ्यायला मिळतो. देवी आईचे स्वरूप नवरातोत्सवात देवीचा विविध स्वरूपात…
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Green Tatwa Talks Ep 56 – In conversation with Pallav Vikrant, Founder – Samagr Unnayan Foundation
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“A tree is known by its fruit; a man by his deeds. A good deed is never lost; he who sows courtesy reaps friendship, and he who plants kindness gathers love.” – Saint Basil Tree plantation refers to the process of planting trees in a planned or systematic manner to…





